बरसों लगे....... लिंक पाएं Facebook X Pinterest ईमेल दूसरे ऐप दिसंबर 31, 2010 आदमी को जानवर से आदमी बन जाने में बरसों लगे. लेकिन अब भी उसे आदमी से जानवर बन जाने में लगता है एक पल. लिंक पाएं Facebook X Pinterest ईमेल दूसरे ऐप टिप्पणियाँ मुदिता31 दिसंबर 2010 को 9:09 pm बजेहर्ष जी सटीक कहा आपने.....बुनियादी गुण इतनी आसानी से पीछा नहीं छोड़ते :) ...करारा व्यंग ...आदमी और उसकी आदमियत परजवाब देंहटाएंउत्तरजवाब देंसदा31 दिसंबर 2010 को 11:03 pm बजेबहुत ही सुन्दर शब्द रचना नववर्ष की शुभकामनायें ।जवाब देंहटाएंउत्तरजवाब देंThe Serious Comedy Show.1 जनवरी 2011 को 12:11 am बजेसदा जी मुदिता जी बहुत बहुत शुक्रिया.जवाब देंहटाएंउत्तरजवाब देंसंगीता स्वरुप ( गीत )1 जनवरी 2011 को 6:46 am बजेसटीक ...सुन्दर शब्द चित्र नव वर्ष की शुभकामनाएँजवाब देंहटाएंउत्तरजवाब देंSushil Bakliwal1 जनवरी 2011 को 8:10 am बजेबिल्कुल सही.नववर्ष आपको शुभ हो...जवाब देंहटाएंउत्तरजवाब देंKunwar Kusumesh1 जनवरी 2011 को 8:08 pm बजेवाह वाह, क्या सच्चाई बयान की है आपने.वो भी इतने कम शब्दों में.जवाब देंहटाएंउत्तरजवाब देंरश्मि प्रभा...1 जनवरी 2011 को 11:37 pm बजेaur ab wo phir janwar hai yaa asurजवाब देंहटाएंउत्तरजवाब देंThe Serious Comedy Show.3 जनवरी 2011 को 4:45 am बजेसंगीता जी ,सुशील जी ,कुंवर जी,रश्मि जी और संजय जी.आप से सुधिजन जब प्रेरणा देते हैं तो बल मिलता है. धन्यवादजवाब देंहटाएंउत्तरजवाब देंटिप्पणी जोड़ेंज़्यादा लोड करें... एक टिप्पणी भेजें
हर्ष जी
जवाब देंहटाएंसटीक कहा आपने.....बुनियादी गुण इतनी आसानी से पीछा नहीं छोड़ते :) ...करारा व्यंग ...आदमी और उसकी आदमियत पर
बहुत ही सुन्दर शब्द रचना
जवाब देंहटाएंनववर्ष की शुभकामनायें ।
सदा जी मुदिता जी बहुत बहुत शुक्रिया.
जवाब देंहटाएंसटीक ...सुन्दर शब्द चित्र
जवाब देंहटाएंनव वर्ष की शुभकामनाएँ
बिल्कुल सही.
जवाब देंहटाएंनववर्ष आपको शुभ हो...
वाह वाह, क्या सच्चाई बयान की है आपने.वो भी इतने कम शब्दों में.
जवाब देंहटाएंaur ab wo phir janwar hai yaa asur
जवाब देंहटाएंसंगीता जी ,सुशील जी ,कुंवर जी,रश्मि जी और संजय जी.
जवाब देंहटाएंआप से सुधिजन जब प्रेरणा देते हैं तो बल मिलता है.
धन्यवाद